विस्कॉन्सिन जज पर प्रवासी को भगाने में मदद का आरोप

विस्कॉन्सिन जज पर प्रवासी को भगाने में मदद का आरोप

मिलवॉकी काउंटी सर्किट जज हन्ना डुगन पर आरोप लगा है कि उन्होंने अप्रवासी एडुआर्डो फ्लोरेस-रुइज़ को ICE से बचने में मदद की। यह घटना 18 अप्रैल 2025 की है जब फ्लोरेस-रुइज़ घरेलू हिंसा के आरोप पर कोर्ट में पेश हुए थे। ICE एजेंट्स उन्हें अवैध रूप से देश में रहने के कारण गिरफ्तार करने आये थे। जज डुगन ने कथित रूप से एजेंट्स को वारंट लाने के लिए मुख्य जज के कार्यालय भेजा और फ्लोरेस-रुइज़ को वकील के साथ गुप्त रास्ते से बाहर निकाला। बाद में फ्लोरेस-रुइज़ को बाहर गिरफ्तार कर लिया गया।

जज डुगन के खिलाफ मई 2025 में आरोप तय हुए, और उन्होंने दोषी न होने की दलील दी। दोषी पाए जाने पर उन्हें छह साल की सजा हो सकती है। उनकी रक्षा टीम का कहना है कि जज डुगन ने कोर्ट की नीतियों का पालन किया। हालाँकि, अमेरिकी मजिस्ट्रेट जज नैन्सी जोसेफ ने मामले को खारिज करने से इंकार कर दिया।

यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर ध्यान खींच रहा है, क्योंकि यह संघीय प्रवासी नियमों और स्थानीय न्यायिक अधिकारों के बीच तनाव को दिखाता है। जज डुगन के समर्थक इसे संघीय सरकार का अतिचार मानते हैं। मामले की चर्चा न्यायिक स्वतंत्रता और अधिकारों के संतुलन के प्रश्नों को उठाती है।